राजस्थान में पश्चिमी विक्षोभ का असर देर रात कोटा संभाग में दिखने लगा। बारां-झालावाड़ के एरिया में आंधी चलने के साथ कई जगह बादल छाए और कुछ जगह हल्की बूंदाबांदी हुई।
इस सिस्टम का असर आज भरतपुर, जयपुर, कोटा संभाग के जिलों में ज्यादा देखने को मिलेगा। इन संभाग के जिलों में बादल छाने के साथ कई जगह तेज आंधी चल सकती है और जगहों पर हल्की बारिश या बूंदाबांदी भी हो सकती है।
2 दिन रह सकता है नए सिस्टम का असर
मौसम विशेषज्ञों के मुताबिक अरब सागर से आए वेदर सिस्टम के असर से राज्य के मौसम में ये बदलाव हुआ है। इस सिस्टम के असर से मध्य प्रदेश के अलावा राजस्थान का दक्षिण-पूर्वी हिस्सा प्रभावित होगा।
4 अप्रैल से सिस्टम का असर खत्म होगा और 5 अप्रैल से राजस्थान में फिर से गर्मी तेज होने लगेगी। पश्चिमी राजस्थान के जिलों में हीटवेव का दौर शुरू होगा और तापमान 42-43 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है।
औसत से ऊपर दर्ज हुआ दिन का तापमान
पिछले 24 घंटे के दौरान राजस्थान के अधिकांश शहरों में दिन का अधिकतम तापमान औसत से ऊपर दर्ज हुआ। जयपुर, पिलानी, सीकर, चित्तौड़गढ़, बाड़मेर, जैसलमेर, बीकानेर में अधिकतम तापमान औसत से 2 डिग्री सेल्सियस ऊपर दर्ज हुआ।
राजधानी जयपुर में कल अधिकतम तापमान 36.9 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ। जयपुर में दिनभर कल तेज धूप रही, जिससे गर्मी थोड़ी ज्यादा रही। अलवर, भीलवाड़ा, दौसा के एरिया में भी कुछ इसी तरह मौसम रहा।
बारिश-आंधी बदल सकती है मौसम का मिजाज
मौसम विज्ञान केन्द्र जयपुर के मुताबिक झालावाड़, बारां, कोटा, बूंदी, टोंक, अजमेर, सवाई माधोपुर, जयपुर, दौसा, करौली, धौलपुर, भरतपुर, अलवर, सीकर और झुंझुनूं जिलों में आंधी-बारिश का येलो अलर्ट जारी किया है।
इस दौरान कुछ शहरों में 40-50KM की स्पीड तक तेज आंधी चल सकती है। 5 अप्रैल से राजस्थान के पश्चिमी हिस्से में एक एंटी साइक्लोन सिस्टम बनने की संभावना है।
इस कारण जैसलमेर, बाड़मेर जिलों के लिए 5 अप्रैल को, जबकि बीकानेर, जोधपुर, जैसलमेर और बाड़मेर जिलों के लिए 6 अप्रैल का हीटवेव का येलो अलर्ट जारी किया है।
