कोर्ट परिसर के बैरक में 16 साल पहले इमरान उर्फ चूहा की हत्या करने वाले हिस्ट्रीशीटर इमरान कुंजड़ा को कड़ी उम्र कैद की सजा सुनाई गई है। उदयपुर के भूपालपुरा थाने के हेड कॉन्स्टेबल रोशनलाल ने 11 मई 2009 को रिपोर्ट दर्ज कराई थी। इसमें बताया कि सेंट्रल जेल से 29 बंदियों को पेश करने के लिए सुबह 7 बजे कोर्ट लेकर पहुंचे थे। इसमें खांजीपीर निवासी वसीम और कुंजरवाड़ी निवासी इमरान कुंजड़ा भी था। दोनों ही हिस्ट्रीशीटर हैं।
पानी के जग के हत्थे से किया था मर्डर सभी को कोर्ट परिसर की बैरक में बंद किया और 2 अन्य आरोपियों को पेशी के लिए कोर्ट में भेजा। सुबह 9:45 बजे जेल में बंदियों ने शोर मचाया। उन्होंने बैरक खोली, जहां इमरान ने धारदार हथियार से वसीम को मार डाला था। इमरान ने पानी के जग के हत्थे को तोड़कर धारदार हथियार बनाया था और वसीम के मुंह, सीने और पेट पर वार किए थे। सुनवाई के दौरान विशिष्ट लोक अभियोजक राकेश मोगरा ने हिस्ट्रीशीटर कुंजड़ा के खिलाफ 25 गवाह और 59 दस्तावेज पेश किए।
दोषी हिस्ट्रीशीटर पर 29 मामलें दर्ज दोनों पक्षों की बहस सुनने के बाद एससी-एसटी कोर्ट की जज ज्योति सोनी ने इमरान को दोषी करार दिया। उसे कड़ी उम्र कैद और 2 लाख जुर्माने की सजा सुनाई। बता दें, हिस्ट्रीशीटर इमरान शहर का कुख्यात बदमाश है। उस पर लूट, हत्या, अपहरण, मारपीट, मादक पदार्थ तस्करी, फिरौती, अवैध वसूली और आर्म्स एक्ट के करीब 29 मामलें दर्ज हैं।
