सवाई मानसिंह (SMS) हॉस्पिटल और ट्रोमा सेंटर में संचालित बेसमेंट पार्किंग में हो रहे भ्रष्टाचार को देखते हुए हाल ही यहां नियुक्त अतिरिक्त मेडिकल ऑफिशियल इंचार्ज (Add.MOIC) ने पद ज्वाइन करने के एक सप्ताह के अंदर ही इस्तीफा दे दिया। हालांकि अधीक्षक ने इस्तीफा स्वीकार नहीं किया है।
MOIC डॉ. प्रवीण जोशी ने आज SMS हॉस्पिटल अधीक्षक डॉ. मृणाल जोशी को इस्तीफा पत्र लिखा। डॉ. जोशी ने बताया- पार्किंग में व्याप्त भ्रष्टाचार को देखते हुए ये पत्र लिखा है। हालांकि अधीक्षक ने डॉ. जोशी का इस्तीफा स्वीकार करने से मना करते हुए इस पूरे प्रकरण की रिपोर्ट तैयार करके और उस पर कार्यवाही की सिफारिश करने के निर्देश दिए है।

सरकारी खाते के बजाय निजी बैंक खाते में जा रहा पैसा
अधीक्षक के आदेश पर पार्किंग की विजिट करने पहुंचे डॉ. जोशी ने देखा तो पता चला कि बिना किसी सरकारी आदेश के एक हेमंत स्वामी नाम के व्यक्ति की तरफ से ये पूरी पार्किंग संचालित की जा रही है। यहां लगे जगह-जगह फोन-पे, गूगल-पे के स्कैनर एसएमएस हॉस्पिटल के सरकारी खाते के न होकर किसी निजी व्यक्ति बृजराज सिंह के नाम से लगे है, जो पैसा भी सीधे बृजराज सिंह के खाते में जमा हो रहा है। उन्होंने इस खाते ही एक साल की डिटेल निकलवाने के निर्देश दिए है।

एक साल से बिना टेंडर किए चल रही है पार्किंग
SMS हॉस्पिटल की मेन बिल्डिंग, धन्वंतरी ब्लॉक, ट्रोमा सेंटर में बनी बेसमेंट पार्किंग का संचालन बिना टेंडर के करीब एक साल से हॉस्पिटल प्रशासन के स्तर पर किया जा रहा है। ये पार्किंग हॉस्पिटल प्रशासन की तरफ से सरकारी कर्मचारियों की निगरानी में चलाई जानी थी। इसके लिए हॉस्पिटल की तरफ से गार्ड भी नियुक्त किए गए है। लेकिन पार्किंग का संचालन तत्कालीन अधीक्षक और MOIC के निर्देश पर निजी व्यक्ति द्वारा संचालित की जा रही थी। इस पार्किंग से वसूला जाने वाला शुल्क (पैसा) हर रोज हॉस्पिटल के RMRS फंड के तहत खुले बैंक खाते में जमा करवाना था, वह भी समय पर जमा नहीं हो रहा।

इन नर्सिंग ऑफिसरों की लगाई थी ड्यूटी
इस पार्किंग की तमाम मॉनिटरिंग के लिए नर्सिंग ऑफिसर धर्मवीर यादव, सुनिल कुमार, बहादुर शर्मा, राकेश शर्मा और रेखा बुंदेला को पिछले साल अतिरिक्त कार्यभार के तौर पर लगाया गया था।






