राजसमंद जिले में जिला दुग्ध उत्पादक सहकारी संघ लिमिटेड के प्रबंधक संचालक पर ऑनलाइन निविदा प्रक्रिया में गंभीर अनियमितताओं के आरोप सामने आए हैं।
आरोप है कि प्रबंधक संचालक अनिल कुमार बराला ने ऑनलाइन टेंडर में मनमर्जी से शर्तें जोड़कर नियमों की अनदेखी की, जिससे पारदर्शिता प्रभावित हुई। इसके साथ ही भुगतान में भी अनियमितता और धांधली के आरोप लगाए गए हैं।
मामले की शिकायत जिला दुग्ध उत्पादक सहकारी संघ लिमिटेड के अध्यक्ष द्वारा की गई थी। शिकायत के बाद राजस्थान को-ऑपरेटिव डेयरी फेडरेशन लिमिटेड (आरसीडीएफ) जयपुर के वित्तीय सलाहकार द्वारा जांच की गई।
जांच में पाया गया कि क्रेट वॉशिंग, दूध एवं अन्य दुग्ध उत्पादों की पैकिंग, सार्टिंग और लोडिंग से संबंधित ऑनलाइन निविदा में मनमर्जी से शर्तें जोड़ी गईं, जो आरटीपीपी एक्ट 2013 एवं नियमों के विपरीत पाई गईं।
जांच रिपोर्ट के आधार पर आरसीडीएफ के महाप्रबंधक ने प्रबंधक संचालक अनिल कुमार बराला को कारण बताओ नोटिस जारी कर सात दिन में जवाब मांगा है।
जवाब संतोषजनक नहीं मिलने पर नियमानुसार अनुशासनात्मक कार्रवाई की चेतावनी दी गई है। साथ ही संबंधित निविदा को अग्रिम आदेश तक स्थगित रखने के निर्देश भी दिए गए हैं।
इस पूरे मामले पर प्रबंधक संचालक अनिल कुमार बराला ने आरोपों को निराधार बताते हुए कहा कि उन्होंने नोटिस का जवाब भेज दिया है और भुगतान में अनियमितता का आरोप एक साजिश है, जिसकी शिकायत वे पुलिस में दर्ज कराएंगे।






