पाली, 10 जुलाई। चूरू में जगुआर फाइटर जेट क्रैश में शहीद हुए फ्लाइट लेफ्टिनेंट ऋषिराज सिंह देवड़ा (23) का गुरुवार सांय गमगीन माहौल में अंतिम संस्कार किया गया। इससे पहले गांव में तिरंगा यात्रा निकाली गई। आगे वायुसेना के जवान पीछे गांव वाले भारत की माता की जय और ऋषि राज अमर रहे के नारे लगाते हुए चले। फ्लाइट लेफ्टिनेंट ऋषिराज सिंह देवड़ा की पार्थिव देह पैतृक गांव खिवांदी (पाली) लाई गई। शहीद के अंतिम दर्शन के लिए घर के आंगन में पार्थिव देह को रखा गया, जहां परिजनों और आसपास के गांवों से आए लोगों ने पुष्प अर्पित कर श्रद्धांजलि दी। इस दौरान पशुपालन, गोपालन, डेयरी एवं देवस्थान विभाग के केबिनेट मंत्री जोराराम कुमावत, बाली विधायक पुष्पेंद्र सिंह राणावत और पूर्व सांसद पुष्प जैन ने शहीद की पार्थिव देह पर पुष्पचक्र अप्रित कर श्रद्धांजलि दी। इससे पहले शहीद की पार्थिव देह जोधपुर एयरपोर्ट पहुंचा, जहां केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने पुष्प चक्र अर्पित को उनको श्रद्धांजलि दी। शेखावत ने शहीद के पिता को ढांढस बंधाया। यहां से हेलिकॉप्टर के जरिए शहीद की पार्थिव देह सिरोही पहुंची और फिर सड़क मार्ग से पैतृक गांव पहुंची।
चूरू के राजलदेसर में सर्च ऑपरेशन
चूरू के राजलदेसर इलाके में 9 जुलाई को दोपहर 12 बजकर 40 मिनट पर वायुसेना का जगुआर फाइटर जेट क्रैश हो गया था। हादसे में पायलट लोकेंद्र सिंह सिंधु (44) और को-पायलट ऋषिराज सिंह देवड़ा शहीद हो गए थे। लोकेंद्र रोहतक (हरियाणा) के रहने वाले थे।
राजलदेसर के भाणुदा चारणान गांव में गुरुवार सुबह करीब सात बजे एयरफोर्स ने ब्लैक बॉक्स के लिए सर्च अभियान शुरू किया। घटनास्थल पर और आसपास राजलदेसर, रतनगढ़, छापर, व बीदासर थाने की पुलिस तैनात है। सर्च ऑपरेशन में ड्रोन की भी मदद ली जा रही है। जिस जगह प्लेन क्रैश हुआ, वहां बड़े इलाके में फाइटर जेट का मलबा बिखरा मिला। भारतीय वायु सेना ने दुर्घटना के कारणों का पता लगाने के लिए कोर्ट ऑफ इन्क्वायरी गठित की है।
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