बाबा श्याम की अटूट आस्था और भक्ति की मिसाल बन चुके हैं रामगढ़ शेखावाटी के चंद्रप्रकाश ढांढण। 2019 से लगातार मुंबई से खाटूश्यामजी तक पैदल यात्रा कर रहे चंद्रप्रकाश ने अब तक 86,400 किलोमीटर का सफर तय किया है। 64वीं बार खाटू पहुंचे इस श्याम भक्त ने न केवल अपनी भक्ति की डोर को मजबूत किया, बल्कि रास्ते में आदिवासियों के दिलों में भी बाबा श्याम के प्रति श्रद्धा जगा दी।
पेशे से भजन गायक चंद्रप्रकाश 2020 से शुरू हुई इस पदयात्रा के जरिए हर महीने बाबा श्याम के दर्शन के लिए मुंबई से खाटू पहुंचते हैं। उनकी यह यात्रा विश्वास और समर्पण का प्रतीक बन चुकी है। इस दौरान वे गुजरात के महिसागर जिले के मलिकपुर, नानीराठ, मीरापुर और मोटाराठ गांवों से गुजरते हुए आदिवासी समुदायों से मिलते हैं। उनके सान्निध्य में अब कई आदिवासी परिवार भी बाबा श्याम की पूजा करने लगे हैं और खाटू पहुंचकर दर्शन कर रहे हैं।
चंद्रप्रकाश की भक्ति की अलख न केवल उनके गायन में, बल्कि उनकी हर कदम की यात्रा में झलकती है। बाबा श्याम के प्रति उनकी अटूट श्रद्धा ने उन्हें देश-विदेश में आने वाले भक्तों के लिए प्रेरणा बना है। हर कदम पर बाबा का नाम और दिल में दर्शन की लालसा लिए चंद्रप्रकाश का यह सफर सच्ची भक्ति की जीवंत कहानी है।






