नगर का नाम परिवर्तित कर ‘बृजनगर’ किए जाने के राज्य सरकार के ऐतिहासिक निर्णय के उपलक्ष्य में रविवार को स्थानीय कृष्ण वाटिका में सर्व समाज द्वारा एक भव्य अभिनंदन एवं सम्मान समारोह आयोजित किया गया।कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में पधारे गृह, गौपालन,पशुपालन,डेयरी तथा मत्स्य विभाग राज्य मंत्री जवाहर सिंह बेढ़म का क्षेत्रवासियों ने अभूतपूर्व स्वागत किया।
मुख्यमंत्री के कुशल नेतृत्व का परिणाम
जनसभा को संबोधित करते हुए गृहराज्य मंत्री बेढ़म ने कहा कि नगर का नाम ‘बृजनगर’ करना मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के कुशल नेतृत्व और राज्य सरकार की जनभावनाओं के प्रति संवेदनशील सोच का परिचायक है।साथ ही मंत्री जवाहर बेढ़म ने कहा कि यह निर्णय केवल नाम का परिवर्तन नहीं है,बल्कि यह बृज की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत, आस्था और पौराणिक पहचान को दिया गया सर्वोच्च सम्मान है।मुख्यमंत्री स्वयं इसी माटी से हैं,इसलिए वे क्षेत्र के विकास का रोडमैप और यहाँ की भावनाओं को भली-भांति समझते हैं।

चौपाल लगाकर दिया विकास का हिसाब
मंत्री जवाहर सिंह बेढ़म ने अपनी कार्यशैली के अनुरूप वीआईपी संस्कृति छोड़कर आमजन के बीच ‘चौपाल’ लगाई।उन्होंने कहा,हम चुनाव के बाद गायब होने वाले लोग नहीं हैं।हम गांव-गांव जाकर सरकार द्वारा अब तक किए गए विकास कार्यों का हिसाब दे रहे हैं और भविष्य में क्या करना है,उस पर चर्चा कर रहे हैं।यही हमारी सरकार और हमारे मुख्यमंत्री जी का तरीका है।
जमीन से जुड़े नेता हैं बेढ़म:स्थानीय बुजुर्ग
समारोह में उपस्थित बुजुर्गों और स्थानीय प्रबुद्धजनों ने मंत्री बेढ़म की सादगी की प्रशंसा की।एक वरिष्ठ नागरिक ने अपने संबोधन में कहा,मंत्री जमीन से जुड़े हुए व्यक्ति हैं।मैं पिछले 30 सालों से इन्हें देख रहा हूं,जब ये एक साधारण कार्यकर्ता के रूप में समाज की जाजम पर बैठते थे। आज मंत्री बनने के बाद भी इनकी कार्यशैली में वही अपनापन है।वक्ताओं ने विश्वास जताया कि मंत्री के प्रयासों से क्षेत्र के अधूरे पड़े विकास कार्य भी शीघ्र पूरे होंगे।
भव्य स्वागत:कलश यात्रा और साफा बंधन
समारोह के दौरान मातृशक्ति ने सिर पर मंगल कलश रखकर मंत्री महोदय का परंपरागत स्वागत किया।वहीं सर्व समाज के प्रतिनिधियों ने मंत्री बेढ़म को एक विशाल और भव्य साफा (पगड़ी) पहनाकर उन्हें ‘बृज रक्षक’ के रूप में सम्मानित किया।मंत्री ने जनसुनवाई करते हुए मौके पर ही अधिकारियों को समस्याओं के निस्तारण के निर्देश दिए।
इस अवसर पर स्थानीय जनप्रतिनिधि, विभिन्न समाजों के अध्यक्ष,प्रशासनिक अधिकारी और हजारों की संख्या में क्षेत्रवासी उपस्थित रहे,जिन्होंने ‘बृजनगर’ नाम मिलने की खुशी में एक-दूसरे को बधाई दी।







