बैठक में बजट घोषणाओं की क्रियान्विति की समीक्षा भी की गई।गालरिया ने कहा कि विभाग से संबंधित बजट घोषणाओं को समयबद्ध तरीके से पूरा किया जाए। उन्होंने इस संबंध में आ रही समस्याओं के बारे में भी अधिकारियों से चर्चा की तथा उचित दिशा निर्देश दिये।साथ ही उन्होंने विधानसभा प्रश्नों के उत्तर,लम्बित लाइट्स प्रकरण,सम्पर्क पोर्टल के प्रकरण,कर्मयोगी पोर्टल पर पंजीकरण की समीक्षा,रिक्त भूखण्ड एवं लैण्ड बैंक की समीक्षा सहित अन्य बिन्दुओं के संबंध में भी अधिकारियों से चर्चा की। उन्होंने जेडीए में लम्बित न्यायिक प्रकरणों में की संख्या कमी की सराहना की और कहा जिलों में भी लम्बित प्रकरणों को शीघ्रातिशीघ्र निस्तारण किया जाए। उन्होंने जिलों में अवमानना एवं निर्णय की पालना से शेष प्रकरणों के बारे में भी जिलाधिकारियों से चर्चा की और उनके त्वरित निपटान के लिए निर्देशित किया।प्रमुख शासन सचिव ने विभाग के कर्मयोगी पोर्टल पर पंजीकरण व प्रशिक्षणों की स्थिति के बारे में भी विस्तार से जानकारी ली।उन्होंने कहा कि समस्त कार्यालयों में पदस्थापित अधिकारियों एवं कर्मचारियों की कुल संख्या के सापेक्ष कर्मयोगी पोर्टल पर पंजीकरण व प्रशिक्षण शत प्रतिशत किया जाए।साथ ही उन्होंने रिक्त भूखण्ड एवं लैण्ड बैंक की समीक्षा करते हुए कहा कि विक्रय योग्य भूमि को सूचिबद्ध किया जाए।उन्होंने कहा कि प्राधिकरण एवं न्यास के स्वामित्व वाली भूमियों पर किसी भी प्रकार का अतिक्रमण नहीं हो यह सुनिश्चित किया जाए।इसके लिए सतत रूप से इन भूमियों की निगरानी की जाए तथा अतिक्रमणों का चिह्निकरण कर उन्हें हटाने की तत्काल कार्रवाई की जाए।बैठक में जेडीए आयुक्त आनन्दी, उपशासन सचिव द्वितीय राकेश कुमार गुप्ता,उप शासन सचिव तृतीय राकेश कुमार,राजस्थान आवासन मण्डल सचिव डॉ.अनिल पालीवाल,मुख्य अभियंता यूडीएच अशोक चौधरी तथा अन्य विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे।जिला विकास प्राधिकरणों व जिला विकास न्यासों के अधिकारियों ने वीसी के जरिये बैठक में भाग लिया







