कांग्रेस विधायक आज (गुरुवार) भी विधानसभा की कार्यवाही में हिस्सा नहीं ले रहे हैं। कांग्रेस के विधायक विधानसभा परिसर के बाहर मौजूद हैं। इनकी गैर मौजूदगी में ही विधानसभा में प्रश्न काल की कार्यवाही चल रही है।
बजट पर आज डिप्टी सीएम और वित्त मंत्री दीया कुमारी जवाब देंगी। इस दौरान दीया कई घोषणाएं भी करेंगी। बजट बहस में जिन विधायकों ने अपने इलाकों को लेकर मांगें रखी हैं, उन्हें भी शामिल किया जा सकता है।
फिलहाल कांग्रेस का विरोध जारी है। अभी तक की रणनीति के अनुसार कांग्रेस के सभी विधायक मंगलवार की तरह आज भी विधानसभा के गेट पर धरना देंगे।

गुरुवार को विधानसभा के बाहर पूर्व सीएम अशोक गहलोत ने कहा- सरकार हठधर्मिता पर अड़ी है। सरकार को अपना ईगो छोड़कर गतिरोध दूर करने के लिए आगे आना चाहिए। जब कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा ने यहां तक कह दिया कि वह स्पीकर के घर जाकर खेद जता देंगे। इसके बाद क्या बच जाता है। परसों भी कांग्रेस विधायकों ने धरना दिया। सरकार की तरफ से कोई बातचीत तक के लिए नहीं आया।
विधानसभा में बजट बहस पर कांग्रेस विधायक केवल एक दिन ही बोले हैं। उसके बाद से इंदिरा गांधी पर सामाजिक न्याय व अधिकारिता विभाग के मंत्री अविनाश गहलोत की टिप्पणी के कारण पिछले शुक्रवार से ही गतिरोध बना हुआ है। गतिरोध टूटने पर अभी तक सहमति नहीं बनी है। बजट बहस पर नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली का भाषण होगा या नहीं यह गतिरोध टूटने पर निर्भर है। गतिरोध बरकरार रहा तो नेता प्रतिपक्ष का बजट बहस में भाषण नहीं होगा।
गतिरोध नहीं टूटा तो कांग्रेस की गैर मौजूदगी में ही होगा वित्त मंत्री का जवाब विधानसभा में गतिरोध नहीं टूटा तो बजट बहस पर सरकार की तरफ से वित्त मंत्री का जवाब कांग्रेस विधायकों की गैर मौजूदगी में ही होगा। राजस्थान विधानसभा के इतिहास में ऐसा कम ही हुआ है। जब मुख्य विपक्षी दल की गैर मौजूदगी में वित्त मंत्री ने बजट बहस पर जवाब दिया हो।





