विधानसभा में दिन भर चली युवा संसद में 140 युवाओं ने संविधान और विकसित भारत पर विचार रखे। युवा संसद में रखे गए विचारों के आधार पर ज्यूरी ने टॉप थ्री प्रतिभागियों का चयन किया। जयपुर की हर्षिता शर्मा पहले स्थान पर रहीं। बीकानेर की मनीषा जोशी दूसरे और अलवर की रिंकू खातून तीसरे स्थान पर रहीं। तीनों अब राष्ट्रीय युवा संसद में राजस्थान का प्रतिनिधित्व करेंगी।
युवा संसद में राणा सांगा को सपा सांसद रामजीलाल सुमन के गद्दार कहने का मामला गूंजा। झुंझुनू के कुलदीप सिंह ने कहा- हमारे देश की संसद में संविधान की रक्षा के 11 संकल्प लिए गए। उसी संसद में जब एक सांसद की तरफ से राणा सांगा को गद्दार कहा गया तो बड़ा दुख होता है। यह सुनकर हताशा होती है। हमारे संविधान के 11 संकल्प लोकतांत्रिक प्रतिबद्धता और संवैधानिक मूल्यों को मजबूत करेंगे।
बांसवाड़ा की कनक उपाध्याय ने कहा- राजस्थान में पुजारियों के पद पर महिला पुजारी की नियुक्ति हुई तो उसका विरोध किया गया। महिला पुजारी परीक्षा पास करके आई थीं, सारी योग्यताएं पूरी कर रही थीं। पुरुष प्रधान समाज ने महिला पुजारी को निष्कासित किया, यह कहा गया कि पुजारी केवल पुरुष ही हो सकता है।

विधानसभा अध्यक्ष वासुदेव देवनानी ने बुधवार को युवा संसद की शुरुआत की। इस दौरान नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली ने कहा-इस सदन में आने के लिए पता नहीं कितनी मेहनत करनी होती है। कितने षड्यंत्र चलते हैं, तब जाकर मौका मिलता है।
युवा संसद में विधानसभा स्पीकर की 3 बड़ी बातें…
- युवा राजनीति में भाग लें, लेकिन राजनीति मत करो। दोनों में अंतर हैं। सामने वाले को गिराकर आगे बढूं, यह राजनीति अविश्वास ही पैदा करती है।
- नेहरू जब थे, तब श्यामा प्रसाद मुखर्जी, मधु लिमये जैसे विपक्षी नेताओं को सुनते थे, उनके विचारों को सुनकर अच्छी चीजों को लागू करते थे। आज समय बदल गया है। अविश्वास हावी हो रहा है।
- आज संसद या देशभर की विधानसभा देखता हूं तो पीड़ा होती है। भ्रम फैलाना, जनता को प्रलोभन देकर किसी भी तरह सत्ता हासिल करने का वातावरण चिंता पैदा करता है।

जूली बोले-कांग्रेस-बीजेपी वाले अपनी बात कहेंगे जूली ने कहा- हमारे अलवर के सांसद रहे भंवर जितेंद्र सिंह जब केंद्रीय युवा मंत्री थे, तब भारत से चीन में युवाओं का डेलिगेशन गया था, उसमें मुझे जाने का मौका मिला। देश में भी कई जगह युवा संसद में जाने का मौका मिला। जूली ने कहा कि युवाओं को ज्यादातर घर के लोग राजनीति से दूर ही रखना चाहते हैं।
युवा जब तक राजनीति में भागीदार नहीं होगा, राजनीति में नहीं आएगा, तब तक नए विचार राजनीति में कैसे आएंगे। कांग्रेस और बीजेपी अपनी बात कहेंगे, सुनने पर सब सही लगता है। ऐसा लगता है सब सही कह रहे हैं लेकिन आप रिसर्च करेंगे तब पता लगेगा कि सही रास्ता कौन सा है।






