लोकपाल रेखा वैष्णव ने बुधवार को ब्लॉक क्षेत्र की ग्राम पंचायत ख़िरजा तिबना में संचालित मनरेगा कार्यों का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने मियावाकी पद्धति से किए जा रहे पौधरोपण और चारागाह विकास कार्यों का गहन अवलोकन किया। उन्होंने मौके पर नियोजित श्रमिकों से सीधा संवाद कर उनकी समस्याओं और कार्यस्थल की स्थिति की जानकारी ली।
श्रमिकों को 125 दिन का रोजगार
लोकपाल ने श्रमिकों को संबोधित करते हुए बताया कि मनरेगा में हुए बदलावों के बाद अब श्रमिकों को 125 दिन का रोजगार उपलब्ध कराया जाएगा। उन्होंने यह भी कहा कि सरकार प्रत्येक योजना में पारदर्शिता सुनिश्चित कर रही है, इसलिए ग्रामीणों को भी सजग रहकर गांव के विकास कार्यों में सक्रिय भागीदारी निभानी चाहिए।
तकनीकी सहायक गैरमौजूद मिले
निरीक्षण के बाद लोकपाल ने ख़िरजा तिबना में आयोजित सामाजिक अंकेक्षण ग्राम सभा में भाग लिया। उन्होंने उपस्थित ग्रामीणों को मनरेगा के अंतर्गत स्वीकृत एवं प्रगतिरत कार्यों की विस्तृत जानकारी दी। इस दौरान उन्होंने पाया कि ग्राम सभा के समय प्रभारी अधिकारी और सामाजिक अंकेक्षण दल को तकनीकी सहयोग हेतु नियुक्त तकनीकी सहायक गैरमौजूद थे, जिसे उन्होंने गंभीर लापरवाही बताया।
लोकपाल ने सामाजिक अंकेक्षण दल के सदस्यों को ईमानदारी और निष्पक्षता के साथ कार्य करने की सख्त हिदायत दी। इस अवसर पर प्रशासक विजय सिंह, गोविंद सिंह, नरपत राणा, सगत सिंह, जबराराम सहित अन्य अधिकारी और ग्रामीण उपस्थित रहे।






