जयपुर में एकतरफा प्यार में भाभी की हत्या करने वाले को परिवार ने कई साल पहले ही घर से निकाल दिया था। फिर भी वो लगातार विधवा को परेशान कर रहा था।
हत्यारे अनिल ने पहले भी उसे मारने की कोशिश की थी। गुरुवार शाम को पीड़ित पूनम घर लौट रही थी, तो उसने उसे रास्ते में रोककर चाकू से हमला कर दिया। इससे पहले दोनों के बीच कहासुनी भी हुई थी।
सबसे पहले जानिए- क्या है पूरा मामला
दरअसल, शास्त्री नगर थाना इलाके में प्रेम नगर की रहने वाली पूनम का उसके देवर ने मर्डर कर दिया था। आरोपी महिला के चाचा ससुर का बेटा है। परिवार ने बताया कि पूनम के पति लकी कटारिया की 5 साल पहले मौत हो गई थी। पूनम के दो बेटे भी हैं। लकी की मौत के बाद उसकी मां ने अनिल और पूनम की शादी का प्रस्ताव रखा था, लेकिन पूनम ने शादी करने से इनकार कर दिया था। वहीं, अनिल पूनम पर लगातार शादी का दबाव बना रहा था।

पूनम के ससुराल वालों ने घर में बैन की थी एंट्री
पूनम की बहन ललिता ने बताया कि अनिल शराब पीने का आदि है। करीब एक साल पहले अनिल से पूनम के ससुराल वालों ने कहा दिया था कि वो यहां नहीं आए। जब भी पूनम घर से बाहर निकलती तो वह उसे कई बार परेशान करता था।
वो उसका पीछा भी करता था। गुरुवार शाम को भी वो उसे परेशान कर रहा था। जब पूनम ने बात करने से इनकार किया तो उसने चाकुओं से ताबड़तोड़ वार कर दिए।

किसी ने किसी से झगड़ा करता रहता था अनिल
अनिल के खुद के परिवार को लोग भी उसे पसंद नहीं करते। वो अक्सर किसी न किसी से झगड़ा करता रहता था। अनिल की मां की मौत काफी पहले ही हो गई थी।
इसलिए पूनम की सास ने ही उसे पाल-पोसकर बड़ा किया था, लेकिन शराब की आदत के चलते उसे घर से बाहर निकाल दिया था। ललित ने बताया कि दो दिन पहले भी अनिल को पूनम ने उसी इलाके में घूमते देखा था।
उसने पहले भी एक बार पूनम पर जानलेवा हमला किया था, लेकिन तब परिवार ने बात को दबा दिया था। उसके खिलाफ पुलिस में कोई शिकायत नहीं दी थी।
मृतक पूनम के दो बच्चे हैं
पूनम की जेठानी सुमन ने बताया- पति की मौत के बाद से पूनम घरों में सफाई और खाना बनाने का काम करती थी। वो अपने दोनों बेटों विराट (13) और छोटा बेटा हिमांशु (8) को प्राइवेट स्कूल में पढ़ा रही थी। फिलहाल शास्त्री नगर पुलिस ने आरोपी अनिल को हिरासत में ले लिया है और उससे गहन पूछताछ की जा रही है।






