जयपुर के आराध्य देव श्री गोविंददेवजी मंदिर में दर्शन के समय में बदलाव की घोषणा की गई है। यह नया समय 2 जनवरी 2025 से 31 मार्च 2025 तक प्रभावी रहेगा। देशभर से आने वाले भक्त अब इस समयावधि में भगवान श्रीठाकुरजी के भव्य रूप और झांकियों के दर्शन कर सकेंगे। मंदिर प्रशासन ने झांकियों के समय में बदलाव के साथ विशेष अवसरों पर दर्शन की सुविधा भी उपलब्ध कराई है।
मंदिर महंत अंजन कुमार गोस्वामी ने बताया- हर रविवार और एकादशी के दिन मंगला झांकी सुबह 4:45 से 5:15 बजे तक होगी। धूप झांकी का समय सुबह 7:30 बजे से शुरू होगा। इन दिनों विशेष झांकी सजाई जाती है। इस दिन मंदिर में आने वाले भक्तों की संख्या को देखते हुए समय को बढ़ाया गया है।
मंदिर के नियमित दर्शन समय इस प्रकार हैं:
मंगला झांकी: प्रातः 5:00 से 5:15 तक
धूप झांकी: प्रातः 7:45 से 9:00 तक
श्रृंगार झांकी: प्रातः 9:30 से 10:15 तक
राजभोग झांकी: प्रातः 10:45 से 11:15 तक
ग्वाल झांकी: सायं 5:00 से 5:15 तक
संझा झांकी: सायं 5:45 से 6:45 तक
शयन झांकी: रात्रि 8:00 से 8:15 तक
इसके साथ ही मंदिर में विशेष धार्मिक अवसरों जैसे पूर्णिमा, एकादशी, अमावस्या, वसंत पंचमी और होली के दिन बड़ी संख्या में श्रद्धालु दर्शन के लिए आते हैं। मंदिर प्रशासन ने इन अवसरों पर दर्शन की व्यवस्था को भी सुव्यवस्थित किया है।
मंदिर की ओर से जारी कैलेंडर के अनुसार 2 जनवरी 2025 से 31 मार्च 2025 तक आने वाले प्रमुख त्योहार-
पुत्रदा एकादशी- 10 जनवरी
पूर्णिमा- 13 जनवरी
षट्तिला एकादशी- 25 जनवरी
अमावस्या- 29 जनवरी
बसंत पंचमी- 2 फरवरी
जया एकादशी- 8 फरवरी
पूर्णिमा- 12 फरवरी
विजया एकादशी- 24 फरवरी
अमावस्या- 27 फरवरी
आंवला एकादशी- 10 मार्च
होलिका/श्रीजी की होली- 13 मार्च
पूर्णिमा- 14 मार्च
पापमोचिनी एकादशी- 25 मार्च
अमावस्या- 29 मार्च






