साइबर क्रिमिनल्स ने महाकुंभ के लिए ठगी का जाल बिछा रखा है। फेक लिंक और वेबसाइट के जरिए होटल-गेस्ट हाउस व धर्मशाला की बुकिंग के नाम पर धोखा देकर रुपए ऐंठ रहे है। राजस्थान पुलिस की साइबर ब्रांच ने इस संबंध में एडवाइजरी जारी की है। ऐसी वेबसाइट और लिंक से सतर्क रहने की आवश्यकता बताई है। प्रशासन की ओर से जारी किए गए कांटेक्ट नंबरों और ऑफिशल वेबसाइट से ही बुकिंग करावें।
डीजी (साइबर क्राइम) हेमंत प्रियदर्शी ने बताया- आगामी दिनों में संगम नगरी प्रयागराज में महाकुंभ-2025 का शुभारंभ 13 जनवरी से होने जा रहा है। 45 दिन तक चलने वाले इस महाकुंभ मे करोड़ों श्रद्वालुओं के आने की संभावना है। महाकुंभ में आने वाले श्रद्वालुओं के ठहरने के लिए होटल, धर्मशाला और कुंभ क्षेत्र में बने होटल, धर्मशाला, गेस्ट हाउस व टेंट सीटी के कॉटेज की ऑनलाइन बुकिंग शुरू हो गयी है, इसके चलते ऑनलाइन बुकिंग को लेकर साइबर क्रिमिनल भी सक्रिय हो गए है।
साइबर क्रिमिनल्स की ओर से सस्ते दामों पर होटल, धर्मशाला, टेंट सीटी व कॉटेज की बुकिंग कराने के नाम पर महाकुंभ जाने वाले श्रद्वालुओं को फर्जी लिंक व वेबसाइट के जरिए ठगी का शिकार बना रहे है। लोगों से धोखाधड़ी कर को एडवांस के नाम पर रुपए ऐंठ रहे है। डीजी प्रियदर्शी ने बताया कि आमजन की सुविधा के लिए उत्तर प्रदेश पुलिस प्रशासन की ओर से जारी लिंक में उल्लेखित होटल, धर्मशाला, कॉटेज एवं गेस्ट हाउस से ही एडवांस बुकिंग करावें। प्रशासन की ओर से जारी सूची में इनके नाम, पता एवं कॉन्टैक्ट नंबर दिए गए है। ऑफिशियल वेबसाइट https://kumbh.gov.in/en/Wheretostaylist पर भी इसकी जानकारी मौजूद है। यदि कोई व्यक्ति साइबर क्राइम का शिकार हो जाता है तो नेशनल हेल्पलाइन नंबर 1930 या साइबर क्राइम की अधिकृत वेबसाइट www.cybercrime.gov.in पर शिकायत दर्ज करवा सकते है।






