Poola Jada
Home » राजस्थान » कड़ाके की सर्दी में भी डेंगू-मलेरिया और चिकनगुनिया का खतरा:राजस्थान में 13 दिन में 56 केस; डेंगू के सबसे ज्यादा 5-मरीज चित्तौड़गढ़ में मिले

कड़ाके की सर्दी में भी डेंगू-मलेरिया और चिकनगुनिया का खतरा:राजस्थान में 13 दिन में 56 केस; डेंगू के सबसे ज्यादा 5-मरीज चित्तौड़गढ़ में मिले

राजस्थान में कड़ाके की सर्दी के बावजूद डेंगू, मलेरिया और चिकनगुनिया एक्टिव है। जनवरी माह के शुरुआती 13 दिन में प्रदेश में डेंगू के 24 केस मिले हैं। वहीं, चिकनगुनिया के 21 और मलेरिया के 11 केस मिले हैं। अच्छी बात यह है कि इन तीनों में किसी मरीज की मौत का केस नहीं आया है। डॉक्टर्स के मुताबिक इन केसों में सीवियरिटी बहुत ही कम है।

हेल्थ डिपार्टमेंट राजस्थान की एक रिपोर्ट के मुताबिक राजस्थान के 49 में से 6 जिलों में मलेरिया, 11 जिलों में डेंगू और 12 जिलों में चिकनगुनिया के केस आए हैं। डेंगू के सबसे ज्यादा 5 मरीज चित्तौड़गढ़ जिले में मिले हैं। वहीं, जयपुर जिले में 4 केस मिले हैं।

उदयपुर-जयपुर में चिकनगुनिया के 4-4 केस मच्छर के बढ़ने से मलेरिया और चिकनगुनिया के भी केस बढ़े हैं। 1 से 13 जनवरी तक चिकनगुनिया के उदयपुर और जयपुर में 4-4 केस मिले हैं। कोटा में 3, सीकर, झुंझुनूं, नागौर, करौली, जालोर, धौलपुर, चूरू, दौसा, अजमेर और अलवर में एक-एक केस सामने आया है।

सरहदी जिलों में मलेरिया एक्टिव सरहदी जिलों बाड़मेर, बीकानेर, जैसलमेर के अलावा उदयपुर और सलूंबर जिले में मलेरिया के 2-2 केस आए हैं। वहीं, सवाई माधोपुर जिले में एक केस डिटेक्ट हुआ है।

डॉक्टर बोले- पूरे साल आते हैं केस एसएमएस हॉस्पिटल के जूनियर स्पेशलिस्ट (जनरल मेडिसिन) डॉ. मनोज शर्मा ने बताया- पिछले कुछ साल से राजस्थान में डेंगू के केस पूरे साल आते हैं। हर महीने डेंगू के केस डिटेक्ट होते हैं। कुछ साल पहले तक ये केस ज्यादातर मानसून सीजन और उसके बाद नवंबर-दिसंबर तक आते थे।

Kashish Bohra
Author: Kashish Bohra

0
0

RELATED LATEST NEWS

Top Headlines

टेंपोट्रेक्स की टक्कर से बाइक सवार की मौत:गुढ़ागौड़जी में स्टेट हाईवे-37 पर हुआ हादसा

गुढ़ागौड़जी कस्बे के लीला की ढाणी क्षेत्र में शुक्रवार शाम स्टेट हाईवे-37 पर हुए एक सड़क हादसे में बाइक सवार