ग्रामीण महिलाओं की तकनीकी क्षमता निर्माण और विकेन्द्रीकृत व सतत् सौर ऊर्जा समाधानों को जमीनी स्तर पर बढ़ावा देने के उद्देश्य से बेयर फुट कॉलेज में सोमवार को “सोलर दीदी” प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया गया है। यह कार्यक्रम ग्रामीण क्षेत्रों में स्वच्छ ऊर्जा आधारित आजीविका सृजन एवं महिला सशक्तिकरण की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है।
इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में सिल्होरा ब्लॉक की 30 स्वयं सहायता समूह (SHG) महिलाओं की सहभागिता सुनिश्चित की गई है। सभी प्रतिभागी महिलाओं का चयन निर्धारित मानकों के अनुसार एसएचजी नेटवर्क से किया गया है तथा उन्हें आवासीय प्रशिक्षण हेतु बेयर फुट कॉलेज में नामांकित किया गया है।
“सोलर दीदी” प्रशिक्षण कार्यक्रम को 40 दिवसीय संरचित मॉड्यूल के रूप में डिज़ाइन किया गया है, जिसमें सौर ऊर्जा के सैद्धांतिक एवं व्यावहारिक दोनों पहलुओं पर विशेष बल दिया गया। प्रशिक्षण के दौरान प्रतिभागियों को सौर ऊर्जा की मूलभूत अवधारणाओं, अनुप्रयोगों, सोलर पैनल असेंबली एवं इंस्टॉलेशन, सौर उपकरणों के अनुरक्षण एवं लघु मरम्मत, फील्ड स्तर पर ट्रबलशूटिंग तथा समुदाय-स्तरीय सौर प्रणालियों के प्रबंधन से संबंधित व्यवहारिक ज्ञान एवं कौशल प्रदान किया जाएगा।
प्रशिक्षण के 40वें दिन सभी प्रतिभागियों का औपचारिक मूल्यांकन किया जाएगा। निर्धारित दक्षता मानकों को सफलतापूर्वक पूर्ण करने वाली महिलाओं को बेयर फुट कॉलेज द्वारा “सोलर दीदी” के रूप में प्रमाणित किया जाएगा।
इस कार्यक्रम के माध्यम से सिल्होरा ब्लॉक में प्रमाणित “सोलर दीदियों” का एक सक्षम कैडर विकसित होगा, जिससे SHG महिलाओं के लिए हरित कौशल आधारित आजीविका के नए अवसर सृजित होंगे। साथ ही समुदाय स्तर पर विश्वसनीय एवं सतत सौर ऊर्जा समाधानों तक पहुंच सुनिश्चित होने के साथ-साथ महिला नेतृत्व आधारित स्थानीय सेवा वितरण प्रणालियों को भी मजबूती मिलेगी।






