कोटा में महिला ने फंदा लगाकर सुसाइड कर लिया। महिला के पास सुसाइड नोट मिला है। इसमें उसने लिखा- ‘मेरी सोच ही खराब हो गई। यह मुझे जीने नहीं दे रही।’ मामला रानपुर थाना इलाके में गुरुवार शाम करीब 6 बजे का है।
रानपुर थाना SI भीम सिंह ने बताया- रानपुर निवासी टीना राठौर (27) ने आत्महत्या की है। सुसाइड नोट में निजी कारण से परेशान होकर मौत को गले लगाना बताया है। पीहर वालों ने ससुराल पक्ष पर परेशान करने के आरोप लगाए हैं। न्यू मेडिकल कॉलेज हॉस्पिटल की मॉर्च्युरी में शुक्रवार को पोस्टमॉर्टम करवाया गया।
पति बोला- छोटी बेटी के साथ घर में थी टीना के पति जॉनी राठौर ने बताया- मेरी खल-चूरी की दुकान है। गुरुवार दोपहर 2 बजे पत्नी टीना ने चाय बनाकर पिलाई थी। मेरे पिता कनवास जा रहे थे तो उसने बड़ी बेटी को तैयार किया। फिर मैं दुकान पर चला गया। घर पर टीना और छोटी बेटी ही थे। शाम करीब 6 बजे मैं दुकान से घर आया। उसी समय चाची ने टीना के गेट नहीं खोलने की बात बताई।
मैंने आवाज लगाई तो छोटी बेटी रोने लगी। इतने में मेरा चचेरा भाई मनीष भी वहां आ गया। वह पड़ोस वाले अपने मकान की छत पर गया और वहां से सीढ़ियों से मेरे घर के अंदर घुसा। देखा तो टीना फंदे से लटकी हुई थी। उसे तुरंत नीचे उतारकर हॉस्पिटल लेकर गए, लेकिन उसकी मौत हो चुकी थी। तनाव जैसी कोई बात नहीं थी।

‘रोज-रोज हिम्मत टूट जाती है’ टीना ने सुसाइड नोट में लिखा- मुझे माफ कर देना सब लोग, मैं मेरी मर्जी से मर रही हूं। किसी की कोई गलती नहीं है। मेरी सोच ही खराब हो गई। मेरी सोच मुझे जीने नहीं दे रही। मरने का कभी सोचा नहीं था। 8 दिन से नींद भी नहीं आ रही। 2 महीने से खुद से ही परेशान हो गई हूं। हर चीज में ज्यादा सोचने लग गई।
मरने की सोच-सोच कर इतना परेशान हो गई कि नींद में हाथ-पैर धूजने लग गए। मेरे पति और ससुराल वालों की कोई गलती नहीं है। मेरे पति तो इतने अच्छे हैं कि मेरा और बच्चों का बहुत ध्यान रखा, पर मेरी सोच मुझे जीने नहीं दे रही। मैंने बहुत हिम्मत की, जीने पर रोज-रोज हिम्मत टूट जाती है।

भाई बोला- दूसरी बेटी होने के बाद से परेशान थी टीना के बड़े भाई मनीष ने बताया- 5 साल पहले बहन की शादी हुई थी। उसकी बड़ी बेटी 4 साल और छोटी बेटी 2 महीने की है। टीना कुछ महीने से परेशान लग रही थी। हालांकि उसने परेशानी वाली बात नहीं बताई।
गुरुवार शाम करीब 6 बजे उसकी मौत की सूचना मिली। हमें ये पता नहीं कि घटना के समय घर पर कौन-कौन था। किन कारणों से उसकी मौत हुई। ससुराल में छोटी-मोटी बातों पर झगड़ा होता रहता था।
पुलिस से निष्पक्ष जांच की मांग की है। सुसाइड नोट में उसने इच्छा से मरना लिखा है। इससे ऐसा लगता है कि उसे प्रताड़ित किया जा रहा था। टीना 3-4 दिन में फोन पर बात करती थी। जब से दूसरी बेटी हुई, तब से वह परेशान थी।






