भीलवाड़ा शहर में नगर विकास न्यास ने सड़कों पर फैले अवैध अतिक्रमण के खिलाफ कार्रवाई की।
यूआईटी की टीम ने पुराना बस स्टैंड, रेलवे फाटक, गंगापुर चौराहा और चित्तौड़ रोड क्षेत्र में दुकानों और रेस्टोरेंट द्वारा सड़क सीमा तक किए गए कब्जों को हटाया। इन कब्जों के कारण जाम की स्थिति बन रही थी और सड़क हादसों की आशंका बढ़ रही थी।
यह कार्रवाई लंबे समय से मिल रही जन शिकायतों, सड़क जाम और हादसों की बढ़ती आशंका को देखते हुए की गई। तहसीलदार ने बताया कि अतिक्रमण करने वालों को पहले भी नोटिस दिए गए थे, लेकिन उनके द्वारा कब्जे नहीं हटाए गए। कार्रवाई के दौरान कुछ स्थानों पर विरोध हुआ, जिसे अधिकारियों ने समझाइश से शांत कराया।
पुराना बस स्टैंड और रेलवे फाटक क्षेत्र में कार्रवाई यूआईटी की टीम ने शहर के पुराने बस स्टैंड और रेलवे फाटक के आसपास सडक पर किए गए अतिक्रमण को हटाया।
यहां दुकानों और रेस्टोरेंट द्वारा लगाए गए ढांचे और अस्थायी निर्माण सड़क तक फैल गए थे, जिससे आवागमन प्रभावित हो रहा था।

चित्तौड रोड पर पहुंची यूआईटी टीम शिकायतों के आधार पर यूआईटी की टीम चित्तौड रोड पहुंची। इस दौरान कुछ रेस्टोरेंट संचालकों और दुकानदारों ने विरोध किया, लेकिन नगर विकास न्यास के अधिकारियों ने स्थिति संभालते हुए समझाइश की और कार्रवाई जारी रखी।

टिन शेड, कुर्सी मेज और ढांचे हटाए गए कार्रवाई के दौरान सड़क सीमा तक लगाए गए टिन शेड, ढांचे, कुर्सी मेज और अन्य अवरोध हटाए गए।
क्रेन सर्विस के एक केबिन को भी क्रेन की मदद से हटवाया गया, ताकि सडक को पूरी तरह खाली कराया जा सके।

शाम के समय जाम और हादसों का खतरा तहसीलदार दिनेश कुमार साहू ने बताया कि गंगापुर चौराहा और चित्तौड रोड पर ढाबों और रेस्टोरेंट द्वारा सडक तक टेबल कुर्सियां लगाई जा रही थीं।
शाम के समय सडक संकरी हो जाती थी, जिससे जाम की स्थिति बनती थी और सडक हादसों की आशंका बढ रही थी।

पहले दिए गए नोटिस के बाद भी नहीं हटा अतिक्रमण तहसीलदार ने बताया कि अतिक्रमण करने वालों को पहले भी नोटिस दिए गए थे, लेकिन उनके द्वारा कब्जे नहीं हटाए गए।
अतिक्रमण लगातार बढ रहा था, इसलिए व्यापक स्तर पर कार्रवाई करते हुए दुकानों और रेस्टोरेंट के बाहर किए गए कब्जे हटाए गए।
विरोध के बीच समझाइश से आगे बढाई कार्रवाई अतिक्रमण हटाने के दौरान कुछ स्थानों पर विरोध हुआ, लेकिन यूआईटी के सख्त निर्देशों के तहत अधिकारियों ने समझाइश कर स्थिति को नियंत्रित किया और कार्रवाई पूरी की।
नगर विकास न्यास ने स्पष्ट किया कि आगे भी अतिक्रमण के खिलाफ कार्रवाई जारी रहेगी।






