डीडवाना रोड मेगा हाईवे बाईपास पर स्थित महाराजा सूरजमल सर्किल पर महान शासक, दूरदर्शी योद्धा एवं किसानों के संरक्षक महाराजा सूरजमल की जयंती श्रद्धा एवं उत्साह के साथ मनाई गई। कार्यक्रम का आयोजन महाराजा सूरजमल सामाजिक संगठन के नेतृत्व में किया गया जिसमें समाज के गणमान्य नागरिकों, युवाओं और महिलाओं एवं विभिन्न सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधियों ने भाग लिया। इस अवसर पर उपस्थित लोगों ने महाराजा सूरजमल की प्रतिमा पर पुष्प माल्यार्पण कर उन्हें नमन किया तथा उनके आदर्शों को जीवन में अपनाने का संकल्प लिया। वक्ताओं ने महाराजा सूरजमल के शौर्य, न्यायप्रियता, कुशल प्रशासन एवं किसानों के हित में किए गए ऐतिहासिक कार्यों को याद करते हुए कहा कि वे राष्ट्रनायक होने के साथ-साथ सामाजिक समरसता के प्रतीक थे। महाराजा सूरजमल सामाजिक संगठन के अध्यक्ष परसाराम बुगालिया, मुनाराम महला, कमलकांत डोडवाडिया, ने अपने संबोधन में कहा कि महाराजा सूरजमल केवल एक शासक नहीं थे, बल्कि वे किसानों, कमजोर वर्गों और समाज के अंतिम व्यक्ति के अधिकारों के सच्चे प्रहरी थे। उन्होंने कहा कि आज आवश्यकता है कि युवा पीढ़ी महाराजा सूरजमल के साहस, स्वाभिमान और राष्ट्रभक्ति से प्रेरणा लेकर समाज और देश के निर्माण में सक्रिय भूमिका निभाए। कार्यक्रम में समाज के अनेक गणमान्य व्यक्तियों, युवाओं एवं कार्यकर्ताओं ने भाग लेकर महाराजा सूरजमल के जीवन और योगदान पर अपने विचार व्यक्त किए तथा उनकी विरासत को आगे बढ़ाने का संकल्प लिया। अंत में सामूहिक रूप से पुष्पांजलि अर्पित कर कार्यक्रम का समापन किया गया।





