जयपुर शहर में चल रहे प्रमुख विकास कार्यों को गति देने और यातायात व्यवस्था को सुगम बनाने के उद्देश्य से जयपुर विकास आयुक्त सिद्धार्थ महाजन ने बुधवार को सिविल लाइंस आरओबी का दौरा किया।
इस दौरान उन्होंने प्रोजेक्ट्स में आ रही व्यावहारिक और कानूनी अड़चनों को जल्द से जल्द दूर करने के लिए अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
सिविल लाइंस आरओबी के निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने जेडीसी को अवगत कराया कि सिविल लाइंस की ओर सर्विस रोड के निर्माण के लिए भूमि ली जानी है, परन्तु इसमें कुछ कानूनी अड़चनें सामने आ रही हैं।
इस पर संज्ञान लेते हुए जेडीसी ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि वे ऑडिटर जनरल से न्यायालय में विचाराधीन या लंबित प्रकरणों के क्रम में समस्त तथ्यों और दस्तावेजों के आधार पर बेहतरीन राय लेते हुए न्यायालय में विचाराधीन या लंबित प्रकरणों के संबंध में जेडीए की ओर से पुख्ता और प्रभावी पैरवी की जाए, ताकि आमजन के हित में निर्णय जेडीए के पक्ष में आ सके।
इसके पश्चात, जेडीसी ने सहकार मार्ग का दौरा किया। यहाँ इमली फाटक पर ट्रेन गुजरने के दौरान फाटक बंद होने से लगने वाले भारी यातायात दबाव और वाहन चालकों को होने वाली परेशानी का जायजा लिया। जेडीसी ने इस समस्या के स्थायी समाधान के लिए निदेशक अभियांत्रिकी (प्रथम) को निर्देश दिए कि वे तकनीकी विशेषज्ञों की राय लें। उन्होंने कहा कि एक्सपर्ट्स के सुझावों के आधार पर एक ऐसा प्लान तैयार किया जाए जिससे यहाँ यातायात का दबाव कम हो और आमजन को राहत मिले।
इस दौरे में निदेशक अभियांत्रिकी (द्वितीय), जोन उपायुक्त-01, और प्रोजेक्ट से जुड़े अधिशाषी अभियंता सहित जेडीए के अन्य वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।






