स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (SOG) ने दो डॉक्टरों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों ने विदेश से MBBS किया था। फॉरेन मेडिकल ग्रेजुएट एग्जामिनेशन (FMGE) का फर्जी प्रमाण पत्र लगाकर राजस्थान में इंटर्नशिप की। विदेश से MBBS की डिग्री लेकर आए अन्य 73 डॉक्टरों की भूमिका की भी एसओजी जांच कर रही है।
एसओजी ने मुख्य आरोपी डॉक्टर को दिल्ली एयरपोर्ट से पकड़ा है। गिरफ्तारी से बचने के लिए मुख्य आरोपी ने 5 देशों में फरारी काटी।
एडीजी (एसओजी) विशाल बंसल ने बताया- मामले में आरोपी भानाराम माली उर्फ भानू (30) निवासी बर ब्यावर हाल जनकपुरी-द्वितीय ज्योति नगर और इंद्रराज सिंह गुर्जर (27) निवासी दौसा कोतवाली को अरेस्ट किया गया है। आरोपी भानाराम माली उर्फ भानू मुख्य आरोपी है।
एसओजी ने इससे पहले मामला दर्ज कर तीन आरोपी डॉक्टर को अरेस्ट किया था। इसका पता चलते ही मुख्य आरोपी भानाराम माली उर्फ भानू फरार हो गया था। एसओजी ने आरोपी भानाराम को 2 फरवरी को दिल्ली एयरपोर्ट से गिरफ्तार किया। मामले में एसओजी की ओर से 4 फरवरी को नया मामला दर्ज किया गया है।
तीन साथियों को किया था अरेस्ट FMGE की स्क्रीनिंग टेस्ट एग्जाम पास करने के लिए फेक सर्टिफिकेट मामले में एसओजी ने मामला दर्ज किया था। विदेश से MBBS डिग्री लेने वाले डॉक्टर पीयूष कुमार त्रिवेदी, देवेंद्र सिंह गुर्जर और शुभम गुर्जर को पहले अरेस्ट किया था। इसमें मुख्य आरोपी भानाराम माली उर्फ भानू फरार हो गया था।
जांच में सामने आया कि आरोपी भानाराम माली उर्फ भानू खुद भी विदेश से MBBS की डिग्री लेकर डॉक्टर है। उसने पहले पीयूष कुमार त्रिवेदी, देवेंद्र सिंह गुर्जर और शुभम गुर्जर से रुपए लेकर उन्हें FMGE एग्जाम का फेक स्क्रीनिंग टेस्ट पास सर्टिफिकेट दिलवाया था। इसके आधार पर तीनों आरोपियों ने राजस्थान मेडिकल काउंसिल (RMC) में इंटर्नशिप के लिए आवेदन किया।
विदेश से 73 कैंडिडेट डिग्री लेकर आए जांच में सामने आया कि 73 ऐसे कैंडिडेट हैं, जिन्होंने विदेश से MBBS की डिग्री प्राप्त की थी। इन्होंने FMGE परीक्षा उत्तीर्ण नहीं की थी। उन्होंने भी इसी तरह फेक FMGE स्क्रीनिंग टेस्ट पास सर्टिफिकेट तैयार कराकर RMC में इंटर्नशिप के लिए आवेदन किए गए थे।
जांच में इंद्रराज सिंह गुर्जर के विदेश से MBBS की डिग्री लेकर डॉक्टर होने का पता चला। उसके कजाकिस्तान से MBBS की डिग्री प्राप्त करने के बाद खुद के नाम से दिसंबर-2022 का फेक FMGE स्क्रीनिंग टेस्ट पास सर्टिफिकेट रुपए देकर आरोपी भानाराम से लेना सामने आया था।
इसके आधार पर उसने RMC में इंटर्नशिप के लिए ऑनलाइन आवेदन कर राजीव गांधी मेडिकल कॉलेज अलवर से पूरी कर प्रोविजनल रजिस्ट्रेशन प्राप्त किया था। आरोपी इंद्रराज सिंह ने इसी कॉन्टैक्ट के जरिए अन्य कैंडिडेंट को भी रुपए लेकर फेक सर्टिफिकेट दिलवाए। एसओजी की ओर से आरोपी इंद्रराज सिंह गुर्जर को गुरुवार रात दौसा से अरेस्ट किया गया।






