Home » राजस्थान » जयपुर जिले के हर गांव और कस्बे में गूंज रही कबड्डी…कबड्डी…कबड्डी — खेल प्रतिभाओं को तलाशने और तराशने में सशक्त माध्यम बनी पंच गौरव योजना

जयपुर जिले के हर गांव और कस्बे में गूंज रही कबड्डी…कबड्डी…कबड्डी — खेल प्रतिभाओं को तलाशने और तराशने में सशक्त माध्यम बनी पंच गौरव योजना

मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा की मंशा की अनुपालना में जयपुर में जिला प्रशासन द्वारा पंच गौरव योजना का प्रभावी क्रियान्वयन एवं प्रचार प्रसार सुनिश्चित किया जा रहा है। पंच गौरव योजना के अंतर्गत एक जिला-एक खेल के रूप में कबड्डी को विशेष प्रोत्साहन दिया जा रहा है। जिला कलक्टर डॉ. जितेन्द्र कुमार सोनी द्वारा जिले में योजना की प्रगति की सतत समीक्षा करते हुए खेल गतिविधियों को निरंतर गति प्रदान की जा रही है। यही कारण है कि जयपुर जिले के गांव-गांव और ढाणी-ढाणी में आज कबड्डी की गूंज सुनाई दे रही है। पंच गौरव योजना के प्रभावी क्रियान्वयन से जिले में खेल संस्कृति को नया आयाम मिला है और ग्रामीण अंचलों से लेकर शहरी क्षेत्रों तक युवा प्रतिभाएं कबड्डी के मैदानों में अपना हुनर निखार रही हैं।

अतिरिक्त जिला कलक्टर विनीता सिंह ने बताया कि जिला कलक्टर डॉ. जितेन्द्र कुमार सोनी के निर्देशन में कबड्डी को बढ़ावा देते हुए जिला प्रशासन जयपुर द्वारा युवाओं की प्रतिभाओं को तलाशने एवं तराशने के लिए निरंतर प्रयास किए जा रहे हैं। कबड्डी ग्रामीण परिवेश में सहज, सुलभ एवं लोकप्रिय खेल है, जो युवाओं के शारीरिक एवं मानसिक विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। जिले में युवाओं को खेलों के प्रति जागरूक कर उनकी प्रतिभा को निखारने के लिए निरंतर प्रयास किए जा रहे हैं।

मुख्य आयोजना अधिकारी डॉ. सुदीप कुमावत ने बताया कि जिला कलक्टर डॉ. जितेन्द्र कुमार सोनी के निर्देशन में जिले के प्रत्येक राजस्व गांव में कबड्डी मैदान विकसित करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। विकसित भारत जी राम जी योजना के तहत अब तक 1 करोड़ 77 लाख 15 हजार रुपये व्यय कर 1 हजार 173 कबड्डी मैदान तैयार किए जा चुके हैं। इसके अतिरिक्त विभागीय मद एवं भामाशाहों के सहयोग से 32 लाख 70 हजार रुपये की लागत से जिले के प्रत्येक ब्लॉक में सिंथेटिक मेट मैदान तैयार किए गए हैं, जबकि फागी ब्लॉक में दो सिंथेटिक मेट मैदान विकसित किए गए हैं।

उन्होंने बताया कि इन मैदानों पर जिले के युवा खिलाड़ी नियमित रूप से अभ्यास कर रहे हैं। जिला एवं उपखंड प्रशासन के सहयोग से ब्लॉक स्तर पर कबड्डी प्रतियोगिताओं का आयोजन किया जा रहा है, जिनमें भामाशाहों द्वारा भी आर्थिक सहयोग प्रदान किया जा रहा है। इसके साथ ही सांगानेर, जोबनेर एवं झोटवाड़ा ब्लॉक में स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स निर्माण की स्वीकृति जारी की जा चुकी है, जहां अन्य खेलों के साथ-साथ कबड्डी के लिए भी समुचित मैदान विकसित किए जाएंगे।

डॉ. कुमावत ने बताया कि जिले के प्रत्येक राजकीय एवं निजी विद्यालय में प्रत्येक सप्ताह शनिवार को अन्य खेलों के साथ-साथ कबड्डी खेल का आयोजन सुनिश्चित किया जा रहा है। प्रतिभावान खिलाड़ियों को ब्लॉक, जिला, राज्य, राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर खेलने के अवसर एवं आवश्यक संसाधन उपलब्ध करवाने के लिए निरंतर प्रयास किए जा रहे हैं।

उन्होंने बताया कि पंच गौरव योजना के तहत एक जिला-एक खेल कबड्डी को प्रोत्साहित करने हेतु राज्य सरकार द्वारा 21 लाख 50 हजार रुपये का बजट आवंटित किया गया है। साथ ही, युवाओं को अन्य राज्यों के खिलाड़ियों से रूबरू करवाने के लिए 9 लाख रुपये तथा कबड्डी खेल के उपकरणों की खरीद के लिए 10 लाख रुपये का अतिरिक्त आवंटन किया गया है।

Kashish Bohra
Author: Kashish Bohra

0
0

RELATED LATEST NEWS

7k Network

Top Headlines

पहले पति ने सुसाइड किया था,अब पत्नी ने दी जान:जहर खाने के बाद तबीयत बिगड़ने पर हॉस्पिटल लाए थे परिजन, पिता रक्षा मंत्रालय में कार्यरत

अलवर के सदर थाना क्षेत्र के केसरपुर गांव में 40 साल की महिला ने जहर खाकर सुसाइड कर लिया। वह