बोनस की मांग करते हुए भीलवाड़ा की कपड़ा फैक्ट्री के मजदूर उग्र हो गए। उन्होंने फैक्ट्री में जमकर तोड़फोड़ की। पुलिस पहुंची तो उनका गुस्सा और बढ़ गया। पुलिस पर भी हमला बोल दिया। मजदूरों ने पुलिस की गाड़ियों में भी तोड़फोड़ की। हालात बिगड़ते देख पुलिस ने लाठीचार्ज कर प्रदर्शनकारियों को खदेड़ा। मामला हमीरगढ़ (भीलवाड़ा) के चित्तौड़ रोड स्थित संगम इंडिया लिमिटेड का है।
उधर, भारतीय मजदूर संघ जिला सह मंत्री देवेंद्र वैष्णव ने कहा कि 20 मजदूरों को चोटें आई हैं। फिलहाल हॉस्पिटल में कोई एडमिट नहीं है। फैक्ट्री में मजदूर और मैनेजमेंट के बीच बातचीत चल रही है।

मांगों पर सहमति नहीं बनी तो धरने पर बैठे संगम इंडिया लिमिटेड में कपड़ा बनता है। यहां 150 से 200 मजदूर काम करते हैं। बताया जा रहा है कि यहां के कर्मचारी दीपावली से बोनस की मांग कर रहे हैं। आरोप है कि इनकी मांगों पर फैक्ट्री प्रबंधन ध्यान नहीं दे रहा है।
इसी को लेकर कर्मचारी सुबह करीब 10 बजे धरने पर बैठ गए।
फैक्ट्री प्रबंधन से बात भी हुई। मांगों पर सहमति नहीं बनी तो श्रमिक उग्र हो गए। कर्मचारियों ने फैक्ट्री में तोड़फोड़ शुरू कर दी। सूचना मिलने पर हमीरगढ़ थाने की पुलिस भी मौके पर पहुंची। पुलिस को देख भीड़ और उग्र हो गई। पुलिस पर भी पथराव शुरू कर दिया।

मजदूर संघ के नेता बोले- मजदूरों को पैसा नहीं मिल रहा है भारतीय मजदूर संघ जिला सह मंत्री देवेंद्र वैष्णव ने कहा- मजदूरों में बोनस और हाजिरी को लेकर गुस्सा है। मजदूरों को पूरा पैसा नहीं दिया जा रहा है। कई बार बातचीत करने के बाद भी सहमति नहीं बन पाई है। जो मांग रखी गई है, उसे नहीं मानी जा रही है। इसी के चलते आज माहौल खराब हुआ है। इसके बाद सभी श्रमिक धरने पर बैठ गए। मौके पर भारी संख्या में पुलिस बल तैनात है।
मजदूर बोनस के साथ उपस्थिति भत्ता देने की मांग कर रहे थे। कुछ मजदूरों को बोनस और भत्ता दे दिया था, लेकिन बाकी के साथ भेदभाव किया गया।
कंपनी बोली- जिनका टारगेट पूरा हुआ, उनको बोनस दिया संगम ग्रुप के चेयरमैन रामपाल सोनी ने बताया- बोनस में भेदभाव जैसी कोई बात नहीं है। मार्च क्लोजिंग के चलते प्रोडक्शन बेस्ड पर मजदूरों को भर्ती किया गया था। इनके सबके अलग-अलग अकाउंट हैं। जिन मजदूरों ने पूरा प्रोडक्शन दिया था, उन्हें पूरा-पूरा बोनस दिया गया है।
कुछ मजदूर ऐसे थे, जिनका प्रोडक्शन कम आया है तो उनका बोनस कम बना था। बुधवार को कुछ मजदूरों को सैलरी और बोनस दिया गया था। गुरुवार को शेष मजदूरों को बोनस के लिए बुलाया गया था। अचानक से मजदूर नाराज हो गए। इस बीच मजदूरों और पुलिस के बीच में झड़प हो गई। मजदूर हमारे अपने हैं। उनसे मिल बैठ कर बातचीत करने का प्रयास किया जा रहा है।
