उदयपुर जिले की खेरवाड़ा थाना इलाके में बीती रात पुलिस ने अवैध शराब तस्करी के प्रयास को फेल कर दिया। आरोपी ने खांडी ओबरी के पास नाकाबंदी तोड़कर पुलिस जीप को टक्कर मारकर भागने की पूरी कोशिश की, मगर पुलिस ने पीछा कर उसे पकड़ लिया। पुलिस ने कार से अलग-अलग ब्रांड की शराब के कुल 33 कार्टन बरामद की है। पकड़े गई शराब की कीमत करीब 5 लाख रूपए है, जो उदयपुर से गुजरात ले जाई जा रही थी।
खेरवाड़ा थाना अधिकारी दलपत सिंह ने बताया कि अवैध गतिविधियों और तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत उदयपुर-अहमदाबाद हाईवे पर खांडी ओबरी के पास नाकाबंदी की गई। देर रात जब पुलिस की टीम तैनात थी, तभी एक संदिग्ध कार वहां पहुंची। पुलिस जाब्ते ने जब कार चालक को रुकने का इशारा किया, तो तस्कर ने कानून का खौफ न दिखाते हुए कार की रफ्तार बढ़ा दी। आरोपी ने अपनी गाड़ी से पुलिस के सरकारी वाहन को जोरदार टक्कर मारी और नाकेबंदी तोड़कर मौके से भागने का प्रयास किया।
टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि पुलिस की गाड़ी को नुकसान पहुंचा, लेकिन जवानों ने अपनी जान की परवाह न करते हुए तत्परता दिखाई और तुरंत तस्कर का पीछा शुरू कर दिया।
पुलिस की घेराबंदी और सक्रियता के कारण आरोपी ज्यादा दूर नहीं भाग सका और कुछ ही दूरी पर उसे पकड़ लिया गया। गाड़ी की तलाशी लेने पर पुलिस के होश उड़ गए। कार के अंदर राजस्थान निर्मित विभिन्न ब्रांड की शराब के कुल 33 कार्टन अवैध रूप से भरे हुए थे।
बरामद की गई इस अवैध शराब की अनुमानित कीमत बाजार में लगभग 5 लाख रुपए है। इस मामले में पुलिस ने मौके से आरोपी दीपक पटेल को गिरफ्तार किया है। आरोपी ने न केवल शराब की तस्करी की, बल्कि पुलिस की गाड़ी को टक्कर मारकर सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने और पुलिसकर्मियों को भी मारने की पूरी कोशिश की।
इस पर खेरवाड़ा थाना पुलिस ने आरोपी के खिलाफ आबकारी अधिनियम के साथ-साथ सरकारी कार्य में बाधा डालने और जानलेवा हमले के प्रयास की धाराओं के तहत मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस अब आरोपी से पूछताछ कर पता कर रही है कि यह शराब की खेप कहां से लाई जा रही थी और इसे किस ठिकाने पर पहुंचाया जाना था।
दीपक से पूछताछ के आधार पर पुलिस इस तस्करी नेटवर्क से जुड़े अन्य नामों का खुलासा करने की कोशिश कर रही है ताकि इलाके में सक्रिय शराब माफियाओं पर नकेल कसी जा सके।






