नाबालिग को घर से भगाकर उसके साथ 3 महीनों तक दरिंदगी करने के आरोपी को पाली की पॉक्सो कोर्ट ने आजीवन कठोर कारावास की सजा सुनाई है।
कोर्ट संख्या 3 के जज निहालचंद ने मंगलवार को फैसला सुनाया। इसमें अभियुक्त प्रतापराम (24) को नाबालिग को भगाने और रेप का दोषी मानते हुए सजा दी।
कोर्ट के विशिष्ट लोक अभियोजक कुलदीप सिंह सोनगरा ने बताया- पाली जिले के नाना थाने में 30 सितम्बर 2024 को पीड़िता के पिता ने रिपोर्ट दर्ज करवाई थी। बताया कि 27 सितम्बर 2024 को उनकी नाबालिग बेटी घर पर अकेली थी।
इस दौरान आरोपी प्रतापराम घर पर आया और उससे बोला कि तुम्हारी मां का एक्सीडेंट हो गया है। रुपए और कपड़े साथ लेकर चलो। इस पर पीड़िता संदूक में रखे 20 हजार रुपए, करीब एक किलो चांदी का कंदौरा (कमरबंद) और कपड़े लेकर उसकी बाइक पर बैठकर चली गई।
शिवगंज में कमरबंद गिरवी रखकर रुपए लिए रास्ते में आरोपी ने बाइक शिवगंज में रोकी और किसी के पास चांदी का कमरबंद गिरवी रखकर रुपए ले लिए। नाबालिग से कहा कि तुम्हारी मां को इलाज के लिए पालनपुर ले गए। ऐसे में आरोपी मासूम को पालनपुर ले गया।
इसके बाद आरोपी ने नाबालिग से सिरोही के पास रेप किया। फिर बस में अपने साथ बैठाकर पूणे ले गया। वहां करीब 3 महीने तक बंधक बनाकर रखा। इस दौरान कई बार उससे रेप किया।
पीड़िता ने रिपोर्ट में बताया कि आरोपी घर से बाहर जाता था तो बाहर से ताला लगाकर जाता था, जिससे पीड़िता भाग न सके।
नशे में ताला लगाना भूला तो भागी पीड़िता रिपोर्ट में बताया- एक दिन ज्यादा नशे में होने के कारण आरोपी प्रतापराम ताला लगाना भूल गया। ऐसे में पीड़िता उसका मोबाइल लेकर घर से निकल गई।
मोबाइल 2200 रुपए में बेच दिया और टिकट लेकर गुजरात के अहमदाबाद होते हुए शिवगंज पहुंची। यहां से उसने अपनी मां को कॉल कर शिवगंज बुलाया और फिर घर पहुंची। मासूम ने घर पहुंचते ही मां आपबीती बताई। इसके बाद पीड़िता ने अपनी मां के साथ थाने पहुंचकर आरोपी के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करवाई।






