मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के निर्देशों की अनुपालना में जयपुर जिले में ग्राम उत्थान शिविरों का सफल आयोजन किया जा रहा है। शिविर आमजन के लिए राहत का दूसरा नाम बन कर उभर रहे हैं। जयपुर जिले की तहसील जमवारामगढ़ स्थित ग्राम गठवाड़ी में आयोजित ग्राम उत्थान शिविर ने एक संकटग्रस्त कृषक परिवार के जीवन में आशा की नई किरण जगाई। खेती कार्य के दौरान हुई एक आकस्मिक दुर्घटना में परिवार के मुखिया की मृत्यु,अंग-भंग हो जाने से यह परिवार गंभीर आर्थिक संकट में आ गया था। अचानक आए इस दुखद हादसे ने न केवल परिवार की आजीविका छीन ली, बल्कि भविष्य को लेकर भी अनिश्चितता पैदा कर दी।
शिविर के दौरान पीड़ित परिवार ने अपनी व्यथा अधिकारियों के समक्ष रखी। ग्राम उत्थान शिविर में उपस्थित प्रशासनिक अधिकारियों ने मामले को संवेदनशीलता से सुना, आवश्यक दस्तावेजों का त्वरित परीक्षण किया और राजस्थान सरकार की राजीव गांधी कृषक साथी सहायता योजना के अंतर्गत आवेदन की संपूर्ण प्रक्रिया मौके पर ही पूर्ण करवाई।
योजना के प्रावधानों के अनुरूप दुर्घटना में मृत्यु की स्थिति में ₹2 लाख की आर्थिक सहायता स्वीकृत की गई, जिसे समयबद्ध रूप से लाभार्थी परिवार के खाते में उपलब्ध करवा दिया गया। इस सहायता राशि से परिवार को तत्काल आर्थिक राहत मिली, दैनिक आवश्यकताओं की पूर्ति संभव हुई और कठिन परिस्थितियों से उबरने का मार्ग प्रशस्त हुआ।
लाभार्थी परिवार ने ग्राम उत्थान शिविर, जिला प्रशासन एवं राज्य सरकार के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि समय पर मिली इस सहायता ने उन्हें फिर से जीवन को संभालने का हौसला दिया है।
यह प्रकरण इस बात का सशक्त उदाहरण है कि राजीव गांधी कृषक साथी सहायता योजना किसानों एवं खेतिहर परिवारों के लिए एक मजबूत सामाजिक सुरक्षा कवच है, जो आकस्मिक दुर्घटनाओं की स्थिति में आर्थिक संरक्षण प्रदान करती है। साथ ही, ग्राम उत्थान शिविर जनसमस्याओं के त्वरित समाधान, संवेदनशील प्रशासन और जनकल्याणकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन का सशक्त मंच बनकर उभर रहे हैं।






