सीकर में गुरुवार रात खेत की खुदाई के दौरान हैंड ग्रेनेड मिलने से सनसनी फैल गई। शुक्रवार को जयपुर से आई बम निरोधक दस्ते (Bomb Disposal Squad) की टीम ने मौके पर पहुंचकर हैंड ग्रेनेड को निष्क्रिय (डिफ्यूज) किया। पुलिस और बम निरोधक दस्ते ने सबसे पहले एक गड्ढा खोदा और उसमें आग लगाई।
इसके बाद, हैंड ग्रेनेड को उस आग में डालकर सभी सुरक्षित दूरी पर चले गए। कुछ ही देर में हैंड ग्रेनेड में जोरदार धमाका हुआ, जिसकी आवाज 400 मीटर दूर तक सुनाई दी। पुलिस ने विस्फोटक अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि लगभग 10 साल पहले इस इलाके में सेना की एक टुकड़ी आई थी। आशंका है कि हैंड ग्रेनेड उसी दौरान कहीं गिर गया होगा। पुलिस फिलहाल इस एंगल से भी जांच कर रही है। यह घटना सीकर के रीको एरिया में हुई।
अब देखिए, हैंड ग्रेनेड से जुड़ी 3 PHOTOS…



खेत में खुदाई के दौरान मिला बमनुमा वस्तु
उद्योग नगर थाना SHO राजेश कुमार बुडानिया ने बताया- रीको एरिया में गुरुवार रात खेत में रास्ते के लिए खुदाई का काम चल रहा था। करीब 10 फीट गहराई में एक बमनुमा वस्तु मिली। ऐसे में स्थानीय लोगों ने इसकी सूचना पुलिस को दी। सूचना पर पुलिस ने मौके पर पहुंचकर उस गड्ढे को बंद करवाया और जयपुर से बम निरोधक दस्ता टीम को बुलाया।
बम निरोधक दस्ते ने हैंड ग्रेनेड को किया डिफ्यूज
राजेश कुमार बुडानिया ने बताया- आज बम निरोधक दस्ता टीम सीकर पहुंची, जिन्होंने बमनुमा वस्तु के हैंड ग्रेनेड होने की पुष्टि की। इसके बाद उद्योग नगर पुलिस और बम निरोधक दस्ता टीम उस हैंड ग्रेनेड को गोकुलपुरा थाना इलाके में एक मैदान में लेकर गई और वहां पर उसे डिफ्यूज करवाया गया।
इस तरह किया गया हैंड ग्रेनेड को डिफ्यूज हैंड ग्रेनेड काफी पुराना हो चुका था और उसकी ऊपरी परत पर भी काफी जंग लग चुकी थी, इसलिए सबसे पहले पुलिस और बम निरोधक दस्ते ने एक गड्ढा खोदा और उसमें आग लगाई। आग लगाने के बाद हैंड ग्रेनेड को उस आग में डालकर सभी दूर आ गए। इसके बाद अचानक वह हैंड ग्रेनेड फटा और करीब 400 मीटर दूर तक हैंड ग्रेनेड फटने की आवाज सुनाई दी। हैंड ग्रेनेड काफी ज्यादा पुराना हो चुका था, इसलिए उसका बारूद भी पुराना हो गया था, जिसकी मारक क्षमता भी कम थी।
10 साल पहले इलाके में आई थी सेना की टुकड़ी
स्थानीय लोगों ने बताया- करीब 10 साल पहले इलाके में सेना की टुकड़ी आई थी। ऐसे में हो सकता है कि उनसे हैंड ग्रेनेड यहां गिर गया हो और फिर नीचे मिट्टी में दबता चला गया हो। हालांकि अब पुलिस ने विस्फोटक अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज करके इन्वेस्टिगेशन शुरू कर दिया है।
पुलिस का कहना है कि हैंड ग्रेनेड काफी पुराना था, जिसके बाहरी हिस्से पर काफी ज्यादा जंग लग चुका था। सेना अमूमन बंकर उड़ाने या युद्ध के समय दुश्मनों के टैंकों को तबाह करने के लिए हैंड ग्रेनेड का इस्तेमाल करती है।






